
जांजगीर-चांपा / छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले के शिवरीनारायण स्थित तेंदुवा धाम में 9 दिवसीय श्रीराम कथा का भव्य शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय अपनी धर्मपत्नी के साथ कार्यक्रम में शामिल हुए और विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने पद्म विभूषण से सम्मानित जगद्गुरु रामभद्राचार्य महाराज से आशीर्वाद प्राप्त किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ केवल “धान का कटोरा” ही नहीं, बल्कि आस्था, सेवा और समर्पण की पावन भूमि भी है। उन्होंने भगवान श्रीराम के वनवास काल और माता शबरी की भक्ति का उल्लेख करते हुए इस क्षेत्र की धार्मिक महत्ता को रेखांकित किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि तेंदुवा धाम आज धार्मिक और सांस्कृतिक जागरण का प्रमुख केंद्र बनता जा रहा है, जहां हजारों श्रद्धालु एक साथ श्रीराम कथा का श्रवण कर रहे हैं। उन्होंने इस अवसर को सौभाग्यशाली बताते हुए संतों के सान्निध्य को विशेष अनुभव बताया।
इस दौरान आश्रम परिसर में कई धार्मिक और सांस्कृतिक परियोजनाओं का लोकार्पण भी किया गया। इनमें हरिवंश औषधालय एवं पंचकर्म केंद्र, श्री राम-जानकी मंडपम, वैदिक पाठशाला, गौ मंदिर और हनुमत प्रवेश द्वार प्रमुख हैं।
मुख्यमंत्री ने अयोध्या में बने भव्य राम मंदिर का जिक्र करते हुए कहा कि करीब 500 वर्षों के लंबे इंतजार के बाद भगवान श्रीराम भव्य मंदिर में विराजमान हुए हैं, जो देश की सांस्कृतिक एकता और गौरव का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि श्रीरामलला दर्शन योजना के माध्यम से हजारों श्रद्धालु अयोध्या धाम के दर्शन कर रहे हैं।
कार्यक्रम में कई संत-महात्मा, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। तेंदुवा धाम में इस आयोजन के साथ भक्ति और आस्था का अद्भुत माहौल देखने को मिला।





