
Political Murder Case
कोरबा / छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में भाजपा नेता एवं पूर्व जनपद उपाध्यक्ष अक्षय गर्ग की नृशंस हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। कटघोरा थाना क्षेत्र में हुए इस सनसनीखेज हत्याकांड में नाबालिग सहित कुल चार आरोपियों की संलिप्तता सामने आई है। पुलिस के अनुसार, इस पूरे हत्याकांड का मुख्य साजिशकर्ता मुस्ताक अहमद है।
व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा और राजनीतिक रंजिश बना हत्या का कारण
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि अक्षय गर्ग की हत्या के पीछे व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा और राजनीतिक रंजिश प्रमुख कारण रहे। जनपद पंचायत बिंझरा चुनाव में हार के बाद दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ गया था। करीब एक साल पहले चुनावी रंजिश को लेकर मारपीट की घटना भी हुई थी, तभी से बदले की भावना पनप रही थी।
कुल्हाड़ी और चाकू से किया गया हमला
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने अक्षय गर्ग पर 8 से 10 बार जानलेवा हमला किया। आरोपी विश्वजीत ओगरे ने कुल्हाड़ी से वार किए, जबकि मुस्ताक अहमद ने चाकू से गोदकर हत्या को अंजाम दिया। हमले के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए थे।
दिनदहाड़े हुई थी वारदात
यह सनसनीखेज घटना 23 दिसंबर को कोरबा जिले के ग्राम केशलपुर में दिनदहाड़े हुई। अचानक हुए हमले में अक्षय गर्ग गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में दहशत फैल गई थी और राजनीतिक हलकों में भारी आक्रोश देखने को मिला।
वाहन से मिला अहम सुराग
जांच के दौरान पुलिस को एक अर्बन क्रूजर वाहन के बारे में अहम सुराग मिला, जो घटना के समय घटनास्थल के आसपास देखा गया था। पुलिस के अनुसार, वारदात के बाद रात करीब 11 बजे मुस्ताक अहमद ने वाहन को एक गैराज में खड़ा किया और फरार हो गया। सूचना मिलने पर पुलिस ने वाहन जब्त कर मुस्ताक को हिरासत में लिया। पूछताछ के दौरान उसने अपना अपराध स्वीकार कर लिया।
सभी आरोपी गिरफ्तार, नाबालिग पर अलग कार्रवाई
पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त कार, कुल्हाड़ी और चाकू बरामद कर लिए हैं। फिलहाल सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि नाबालिग आरोपी के खिलाफ किशोर न्याय अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना है कि मामले में पुख्ता साक्ष्य जुटाए गए हैं और आरोपियों को कड़ी सजा दिलाने की प्रक्रिया जारी है।





