जांजगीर-चांपा में जिला बदर गुंडा गोरी उर्फ रोहित बर्मन गिरफ्तार, 14 केस दर्ज आरोपी पर फिर FIR
थाना मुलमुला पुलिस की बड़ी कार्रवाई, छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम की धारा 14 के तहत मामला दर्ज

जांजगीर-चांपा / छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में थाना मुलमुला पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जिला बदर किए गए आदतन बदमाश गोरी उर्फ रोहित कुमार बर्मन (40 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी पर पहले से 14 आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं और उसे पूर्व में जिला दंडाधिकारी द्वारा एक वर्ष के लिए जिले सहित आसपास के जिलों की राजस्व सीमा से बाहर रहने का आदेश दिया गया था।
पुलिस के अनुसार आरोपी बिना अनुमति अपने गृह ग्राम कोसा में छिपकर रह रहा था और ग्रामीणों को धमका रहा था। विश्वसनीय सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार किया।
जिला बदर आदेश का उल्लंघन
जानकारी के अनुसार 11 नवंबर 2025 को जिला दंडाधिकारी, जांजगीर-चांपा द्वारा गोरी उर्फ रोहित कुमार बर्मन को एक वर्ष की अवधि के लिए जांजगीर-चांपा सहित समीपवर्ती जिलों—शक्ति, रायगढ़, सारंगढ़, बिलासपुर एवं बलौदा बाजार—की राजस्व सीमाओं से बाहर रहने का आदेश दिया गया था।
यह आदेश छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम, 1950 के तहत जारी किया गया था, क्योंकि आरोपी के विरुद्ध लगातार आपराधिक गतिविधियों की शिकायतें मिल रही थीं और क्षेत्र में शांति भंग होने की आशंका बनी हुई थी।
इसके बावजूद आरोपी आदेश का उल्लंघन कर अपने गांव में रह रहा था।
ग्रामीणों को डरा-धमका रहा था आरोपी
मुलमुला थाना क्षेत्र के ग्राम कोसा निवासी इस आदतन बदमाश के खिलाफ पुलिस को सूचना मिली थी कि वह गांव में सक्रिय है और ग्रामीणों को डराने-धमकाने का प्रयास कर रहा है। इससे क्षेत्र में भय का माहौल बन गया था।
सूचना मिलते ही थाना प्रभारी निरीक्षक पारस पटेल के नेतृत्व में टीम गठित की गई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को उसके ठिकाने के पास से गिरफ्तार कर लिया।
छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम की धारा 14 के तहत FIR
पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध थाना मुलमुला में अपराध क्रमांक 71/2026 दर्ज किया है। यह मामला छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम, 1950 की धारा 14 के तहत दर्ज किया गया है।
धारा 14 के अंतर्गत जिला बदर आदेश का उल्लंघन करने पर कठोर दंड का प्रावधान है। पुलिस द्वारा आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
14 आपराधिक प्रकरण पहले से दर्ज
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार आरोपी के खिलाफ पहले से 14 प्रकरण दर्ज हैं। लगातार आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहने के कारण ही प्रशासन ने उसे जिला बदर किया था।
प्रशासन का कहना है कि आदतन अपराधियों पर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी और कानून व्यवस्था से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।
कार्यपालिक दंडाधिकारी के समक्ष पेश
गिरफ्तारी के बाद आरोपी को माननीय कार्यपालिक दंडाधिकारी पामगढ़ के समक्ष प्रस्तुत किया गया। इसके पश्चात जिला दंडाधिकारी को पूरी जानकारी दी गई और आगे की वैधानिक कार्रवाई के निर्देश प्राप्त हुए।
निर्देशानुसार विधिवत FIR दर्ज कर जांच प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है।





