जांजगीर-चांपा पुलिस की पहल: सेवानिवृत्त पुलिस कर्मियों का सम्मेलन, कानून-व्यवस्था मजबूत करने पर जोर
41 रिटायर्ड पुलिस अधिकारी-कर्मचारियों ने लिया हिस्सा, साइबर सुरक्षा और सामुदायिक पुलिसिंग पर हुई चर्चा

जांजगीर-चांपा | 19 अप्रैल 2026: जांजगीर-चांपा पुलिस ने सामुदायिक पुलिसिंग को मजबूत करने की दिशा में एक सराहनीय पहल करते हुए जिले के सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों का सम्मेलन आयोजित किया। यह सम्मेलन पुलिस लाइन जांजगीर में संपन्न हुआ, जिसमें कुल 41 रिटायर्ड पुलिस कर्मियों ने भाग लिया।

इस आयोजन का उद्देश्य सेवानिवृत्त पुलिस कर्मियों के अनुभवों का लाभ उठाना और कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाना रहा। सम्मेलन में उपस्थित सभी पूर्व अधिकारियों और कर्मचारियों से संवाद स्थापित कर उनके क्षेत्रों की समस्याओं और सुझावों को गंभीरता से सुना गया।
प्रभारी पुलिस अधीक्षक निवेदिता पाल के निर्देशन में आयोजित इस कार्यक्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमेश कुमार कश्यप और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) उदयन बेहार के मार्गदर्शन में कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की गई।
सम्मेलन के दौरान पुलिस अधिकारियों ने सेवानिवृत्त कर्मियों से अपील की कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में अवैध गतिविधियों पर नजर बनाए रखें। यदि किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिले, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।

इसके अलावा, सभी सेवानिवृत्त पुलिस कर्मियों को एक मंच पर जोड़ने के लिए व्हाट्सएप ग्रुप बनाने की पहल भी की गई। इस ग्रुप के माध्यम से सूचनाओं का त्वरित आदान-प्रदान होगा और कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों का तेजी से समाधान किया जा सकेगा।
सम्मेलन में साइबर अपराध से बचाव और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि डिजिटल युग में सतर्कता बेहद जरूरी है और सही जानकारी से ही साइबर ठगी जैसी घटनाओं से बचा जा सकता है।
इस मौके पर CSP योगिताबाली खापर्डे, DSP सतरूपा तारम और रक्षित निरीक्षक प्रदीप कुमार जोशी सहित अन्य पुलिस अधिकारी भी मौजूद रहे।
पुलिस विभाग की यह पहल न केवल सेवानिवृत्त कर्मियों के अनुभवों को उपयोग में लाने का प्रयास है, बल्कि समाज और पुलिस के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।





