जांजगीर-चांपा में ISI लिंक का खुलासा: पाकिस्तान समर्थित स्लीपर सेल का सदस्य गिरफ्तार, विदेशी नंबरों से संपर्क के मिले सबूत

जांजगीर-चांपा पुलिस ने अकलतरा में बड़ी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान समर्थित स्लीपर सेल के कथित सदस्य को गिरफ्तार किया। आरोपी के मोबाइल से विदेशी नंबरों और डिजिटल साक्ष्यों के मिलने का दावा।
जांजगीर-चांपा, 21 जून 2026। छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में पुलिस को राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े एक मामले में बड़ी सफलता मिली है। अकलतरा थाना क्षेत्र में किरायेदार सत्यापन अभियान के दौरान पुलिस ने पंजाब के एक युवक को गिरफ्तार किया है, जिस पर पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI से जुड़े तत्वों के संपर्क में रहकर देश विरोधी गतिविधियों में शामिल होने का आरोप है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान सेवक सिंह (23 वर्ष), पिता बलविंदर सिंह, निवासी पट्टी, थाना पट्टी, जिला तरनतारन (पंजाब) के रूप में हुई है। आरोपी के खिलाफ थाना अकलतरा में अपराध क्रमांक 350/26 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 152 एवं 61(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
किरायेदार सत्यापन के दौरान हुआ खुलासा
पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय के निर्देशन में चलाए जा रहे किरायेदार सत्यापन अभियान के दौरान पुलिस को सूचना मिली कि अकलतरा के मिनीमाता चौक स्थित एक मकान में बाहरी राज्यों के कई लोग किराए पर रह रहे हैं। सत्यापन के दौरान सेवक सिंह संदिग्ध परिस्थितियों में मिला।
पूछताछ में उसके जवाब संतोषजनक नहीं पाए जाने पर पुलिस ने मोबाइल फोन की जांच की, जिसमें पाकिस्तान, सऊदी अरब और अन्य विदेशी नंबरों से संपर्क के प्रमाण मिलने का दावा किया गया।
ISI समर्थित नेटवर्क से जुड़े होने का आरोप
पुलिस के अनुसार प्रारंभिक जांच में आरोपी के पाकिस्तान स्थित ISI समर्थित गैंग से जुड़े लोगों के संपर्क में होने के संकेत मिले हैं। आरोपी व्हाट्सएप, टेलीग्राम और इंस्टाग्राम जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से विदेशी नंबरों से लगातार संपर्क में था।
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी द्वारा संवेदनशील स्थानों, महत्वपूर्ण व्यक्तियों, वाहनों के नंबर और अन्य जानकारियां साझा किए जाने के संकेत मिले हैं।
मोबाइल फोन से मिले डिजिटल साक्ष्य
पुलिस ने आरोपी के मोबाइल फोन से व्हाट्सएप चैट, वीडियो कॉल रिकॉर्ड, कॉल रिकॉर्डिंग और अन्य डिजिटल सामग्री बरामद करने का दावा किया है। मोबाइल को जब्त कर फोरेंसिक जांच के लिए भेज दिया गया है।
हथियार मिलने के बाद टारगेट किलिंग की आशंका
जांच के दौरान यह भी जानकारी सामने आई है कि आरोपी को पाकिस्तान से ड्रोन के माध्यम से हथियार उपलब्ध कराए जाने की योजना थी। पुलिस का दावा है कि हथियार मिलने के बाद उसे विशेष टारगेट पर हमला करने जैसे कार्य सौंपे जा सकते थे। हालांकि इन तथ्यों की अंतिम पुष्टि फोरेंसिक रिपोर्ट और विस्तृत जांच के बाद ही होगी।
राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मामला
पुलिस का कहना है कि आरोपी की गतिविधियां देश की सुरक्षा, एकता और अखंडता के लिए खतरा उत्पन्न करने वाली प्रतीत होती हैं। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया है। फिलहाल पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां पूरे नेटवर्क, विदेशी संपर्कों और संभावित सहयोगियों की पहचान में जुटी हुई हैं।
मामले की विस्तृत जांच जारी है और आने वाले दिनों में और महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।





